Saturday, May 8, 2021

HC की फटकार के बाद चुनाव आयोग की टूटी नींद: मतगणना के दिन को लेकर लिया बड़ा फैसला 

राष्ट्रीय

मद्रास हाई कोर्ट की फटकार के बाद आखिरकार चुनाव आयोग को होश आ ही गया है. देश में बढ़ते कोरोना संकट के बीच मद्रास हाईकोर्ट ने चुनाव आयोग को फटकार लगाते ही देश में क्रोना वायरस की दूसरी लहर के लिए जिम्मेदार बताया था साथ ही चुनाव आयोग के अधिकारियों पर कार्रवाई की भी चेतावनी दी थी.

जिसके बाद अब जाकर चुनाव आयोग की नींद टूटी है और मतगणना के बाद जीत के जशन और जुलूस पर रोक लगाई है. साथ ही आयोग ने कहा है कि नतीजों के बाद कोई भी प्रत्याशी सिर्फ दो लोगों के साथ ही अपनी जीत का सर्टिफिकेट लेने जा सकता है. पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, असम, केरल और पुडुचेरी के चुनाव के नतीजे 2 मई को आने हैं. पश्चिम बंगाल छोड़कर बाकी के राज्यों में चुनाव ख़त्म हो गया है.

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बंगाल में 29 तारीख को आखिरी चरण के लिए मतदान किया जाएगा. लेकिन उससे पहले ही मद्रास हाईकोट का गुस्सा चुनाव योग पर फूट पड़ा. सोमवार को मद्रास हाईकोर्ट ने देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर के लिए चुनाव आयोग को जिम्मेदार बताते हुए कार्रवाई की चेतावनी दे दी थी. मद्रास हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस संजीब बनर्जी ने कहा था कि चुनाव आयोग के अधिकारियों के खिलाफ हत्या के आरोपों में मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए.

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हाई कोर्ट ने कहा था, ‘कोरोना की दूसरी लहर के लिए किसी एक को जिम्मेदार ठहराना हो, तो इसके लिए अकेले चुनाव आयोग जिम्मेदार है. कोरोना का संक्रमण बढ़ रहा था उसके बाद भी चुनाव आयोग ने चुनावी रैलियों पर रोक नहीं लगाई.’ वहीँ कोर्ट ने साफ़ कह दिया था कि चुनाव आयोग मतगणना को लेकर प्लान कोर्ट में पेश करे नहीं तो हम मतगणना पर रोक लगा देंगे. जिसके बाद ही चुनाव आयोग ने यह कदम उठाया है.

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