July 6, 2020
Headlines अंतरराष्ट्रीय

चीन को भी नहीं पसंद आया ट्रंप का ‘मध्यस्थता’ वाला ऑफ़र: कहा भारत-चीन मिलकर सुलझाएंगे विवाद

बीजिंग: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस समय अपने देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों की चिंता छोड़कर भारत और चीन के बीच शुरू हुए सीमा विवाद और टकराव पर लगातार मध्यस्थता करने को लेकर  बयानबाजी कर रहे हैं. ऐसे में भारत के बाद चीन ने भी उनके इस ऑफ़र को ठुकरा दिया है.

बतादें कि भारत चीन सीमा पर हुए सैन्य टकराव को लेकर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप कुछ ज्यादा ही दिलचस्पी ले रहे हैं. पिछले तीन दिनों से वह लगातार इस बारे में बात कर रहे हैं और मध्यस्थता करने की पेशकश कर रहे हैं. कोरोना वायरस के कारण दुनियाभर में हाहाकार मचा हुआ है. भारत में भी 1 लाख 58 हजार मामले दर्ज किये जा चुके हैं, लेकिन कोरोना महामारी के बीच ही चीन के साथ समा पर टकराव जैसी स्थिति बन गयी है. भारत में डोकलाम की तरह ही चीन के सामने सख्त रुख अपनाए हुए हैं.

कोरोना संकट: लोगों की जान जोखिम में डाल RJD नेता तेजस्वी का निकला काफिला…

ऐसे में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा इस मामले का अंतर्राष्ट्रीयकरण किये जाने और मध्यस्थता करने की बात कर रहे हैं. जिसे दोनों ही देशों ने ठुकरा दिया है. भारत ने बुधवार को ही भारत-चीन विवाद में किसी तीसरे पक्ष के दखल पर बयान देते हुए कहा था कि भारत चीन से साथ इस मामले को द्विपक्षीय तरीके से ही निपटायेगा. उसके बड़ा अब खबर है कि चीन ने भी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता वाले ऑफ़र को ठुकरा दिया है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार, चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि भारत और चीन किसी भी आपसी विवाद को बातचीत के दमपर हल कर सकते हैं. ऐसे में किसी तीसरे देश की इस विवाद में जरूरत नहीं है.

Loading...

चीन मुद्दे पर पीएम मोदी से हुई बात: ट्रंप फिर बोले झूठ-विदेश मंत्रालय ने बताई सच्चाई

पिछले दो दिनों से अमेरिकी राष्ट्रपति भारत हसीन के विवाद पर बोलकर लगातार सुर्ख़ियों में बने हुए हैं. गुरुवार को ही उन्होंने इन मामले को लेकर पीएम नरेंद्र मोदी से बातचीत का दावा कर डाला. जोकि झूठ निकला है. समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने पीएम नरेन्द्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच किसी भी तरह की बातचीत के दावे को खारिज कर दिया है. आपको जानकारी हो कि इसी माह शुरुआत में लद्दाख में भारत और चीन के सैनिक आमने-सामने आ गये थे. चीन की ओर से पहले यहां घुसपैठ की कोशिश की गई, जिसके बाद दोनों देशों के सैनिकों में झड़प हुई और हाथापाई तक नौबत पहुंच गई. जिसके बाद चीन ने यहाँ अपने सैनिकों की संख्या बढ़ाकर पाँच हजार कर दी. जिसके जवाब में भारत ने भी यहाँ पाँच हजार सैनिकों को उतार दिया है और चीनी निर्माण कार्य को रोक दिया है.

जिसकी हत्या के मामले में दो साल की जेल हुई-टूट गया परिवार: वह ‘मृतक’ ज़िंदा घर लौटा…

Loading...

Related Posts

Leave a Reply