UP Politics: बसपा-कांग्रेस के बाद अब सपा में नसीमुद्दीन सिद्दीकी, यूपी की सियासत में नई हलचल

UP Politics: नसीमुद्दीन सिद्दीकी कभी बसपा के कद्दावर नेता हुआ करते थे। वह मायावती सरकार में चार बार मंत्री रहे थे, बहनजी के काफी करीबी माने जाते थे। 2017 में बसपा से उन्हें निकाल दिया गया था।

UP Politics: अगले साल होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी (सपा) ने अपने कुनबे का विस्तार करते हुए आज कई बड़े नेताओं को शामिल किया। कांग्रेस से हाल ही में इस्तीफा देने वाले नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने सपा का दामन थाम लिया। उनके साथ अपना दल (सोनेलाल) के पूर्व विधायक राजकुमार पाल, अनीस अहमद उर्फ फूल बाबू, पूर्व विधायक दीनानाथ कुशवाहा और डॉक्टर दानिश खान (एआईएमआईएम के पूर्व प्रत्याशी और पूर्व कांग्रेस नेता) भी सपा में शामिल हुए।

भाषण में पुरानी पार्टी का जिक्र

सपा में शामिल हुए कुछ नेता अपने पुराने राजनीतिक जुड़ाव को तुरंत नहीं भुला पाए। अनीस अहमद उर्फ फूल बाबू, जो बसपा से सपा में आए, उन्होंने अखिलेश यादव की मौजूदगी में भाषण देते हुए कई बार कहा कि भाजपा को हराने की क्षमता बहुजन समाज पार्टी में है। हालांकि बाद में उन्होंने अपनी बात को सुधारा। इसी तरह नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने भी शुरुआत में बहुजन समाज पार्टी का जिक्र किया, लेकिन बाद में अपनी टिप्पणी स्पष्ट की।

24 जनवरी को छोड़ी थी कांग्रेस

नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने 24 जनवरी को कांग्रेस से इस्तीफा दिया था। वह कांग्रेस में प्रांतीय अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल रहे थे और प्रदेश के प्रमुख मुस्लिम नेताओं में उनकी गिनती होती है। सूत्रों के मुताबिक, हाल ही में रायबरेली दौरे पर आए राहुल गांधी को लखनऊ एयरपोर्ट पर रिसीव करने के दौरान नसीमुद्दीन को प्रवेश नहीं मिला था। इस घटना से नाराज होकर उन्होंने कांग्रेस से दूरी बना ली।

बसपा में लंबा रहा सियासी सफर

नसीमुद्दीन सिद्दीकी का राजनीतिक करियर बहुजन समाज पार्टी से जुड़ा रहा है। वह कांशीराम के दौर से पार्टी में सक्रिय थे और मायावती के करीबी माने जाते थे। मायावती के चारों कार्यकाल में वह कैबिनेट मंत्री रहे। हालांकि 2017 में मायावती ने उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया था। इसके बाद 2018 में उन्होंने कांग्रेस जॉइन की थी। वहीं अनीस अहमद उर्फ फूल बाबू पीलीभीत से तीन बार विधायक रहे हैं और मायावती सरकार में मंत्री पद भी संभाल चुके हैं।

 

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