November 13, 2018
Rajneeti

दिल्ली की हवा में 15-20 सिगरेट के बराबर का जहर, सांस लेने में घुटने लगा दम  

नई दिल्ली: जैसे जैसे सर्दी बढ़ रही है वैसे वैसे दिल्ली वालों का दम घुटना भी शुरू हो गया है. रविवार को दिल्ली में इतना ज्यादा प्रदूषण का सर था कि सुबह सैर पर निकले लोगों सांस लेने में भी तकलीफ होने लगी. मतलब दिल्ली में हवा में कम से कम 15-20 सिगरेट के बराबर का जहर मिल चुका है.

बतादें कि दिल्ली में प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है. वायु प्रदूषण के दुष्प्रभावों को प्रदर्शित करने के लिए, शनिवार को शहर के एक अस्पताल में मानव फेफड़ों के प्रतिरूप को रखा गया था. न्यूज़ 18 की रिपोर्ट के अनुसार लंग केयर फाउंडेशन के संस्थापक न्यासी, सर गंगा राम अस्पताल में सेंटर फॉर चेस्ट सर्जरी के अध्यक्ष डॉ अरविंद कुमार ने कहा, ‘मैंने बीते 30 साल में लोगों के फेफड़ों के रंग को बदलते हुए देखा है. पहले, सिगरेट पीने वालों के फेफड़ों पर काले रंग की परत होती थी जबकि अन्य के फेफड़ों का रंग गुलाबी होता था.

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आगे उन्होंने कहा है कि, ‘लेकिन आजकल, मुझे सिर्फ काले फेफड़े ही दिखाई देते हैं. यहां तक कि किशोरों के फेफड़ों तक पर काले निशान होते हैं. यह डरावना है. उन्होंने कहा, ‘लोगों की सेहत पर खराब हवा के प्रभाव की तुलना एक दिन में 15-20 सिगरेट पीने से की जा सकती है.’ जिक्सा असर बच्चों से लेकर बड़ों तक पड़ रहा है.

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सर गंगा राम अस्पताल में प्रबंधक बोर्ड के उपाध्यक्ष डॉ एसपी बयोत्रा ने कहा कि दिल्ली का वायु प्रदूषण चिंताजनक स्तर पर पहुंच गया है. जिससे लोगों की सेहत पर बड़ा असर देखने को मिलने लगा है. हमें इस खतरे को तुरंत नियंत्रित करने के लिए कार्रवाई करनी है. अन्यथा स्वास्थ्य के परिणाम विनाशकारी होंगे. दरअसल इस माह की शुरुआत के साथ ही दिल्ली में प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ना शुरू हो गया है, वहीँ एक संस्था TERI की रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि दिल्ली में मुख्यता प्रदूषण बढ़ने का बड़ा कारण रोड पर बेलगाम धुंआ छोड़ने वाले वाहन ही हैं. ऐसे में सरकार और कोर्ट को इस पर विचार जरुर करना होगा.

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