October 21, 2018
Badi khabren Delhi

AAP नेता ने केंद्र पर लगाया बड़ा आरोप: राफेल पर कोर्ट का रास्ता अपनाएगी आप!

नई दिल्ली: राफेल डील मामले को लेकर लगातार केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर सवाल खड़े हो रहे हैं. इसी बीच मंगलवार को आप आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद ने एक प्रेस वार्ता कर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की कलई खोल कर रख दी है.

बतादें कि आप नेता व राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने मंगलवार को एक प्रेस वार्ता करते हुए कई मुद्दों पर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर हमला किया है. उन्होंने साफ़ शब्दों में कहा है कि वह किसी भी हाल में दबने वाले नहीं है और पार्टी इस राफेल मामले को लेकर कोर्ट तक का सफर तय करने को तैयार है.
क्या कुछ कहा आप नेता संजय सिंह ने
“चाहे 5000 करोड़ का मानहानि का मुकदमा हो या फिर 50,000 करोड़ का, हम बिल्कुल भी दबने वाले नहीं हैं.
“राफेल के मुद्दे पर हम उच्चतम-न्यायालय जा रहे हैं और रक्षा मंत्री को इस संबंध में Legal Notice भेज रहे हैं”.

“रास्ते चलते आदमी की शिकायत पर भी AAP नेताओं/विधायकों पर कार्यवाही कर देते हैं लेकिन बकायेदारों के पासपोर्ट संसद में अपील करने के बाद भी नही करते हैं, ये भगोड़ा नीति है”.
“पकोड़ा योजना के बाद भगोड़ा योजना लाये हैं.
बैंकों में जो पैसा जमा है वो देश के आम आदमी की गाढ़ी कमाई का है,.
उसे ऐसे लूटकर बकायेदारों को भागने क्यों दिया जा रहा है?

“मैने CBI/ED को तमाम reminder और चिट्ठियां लिखी की सभी बकायेदारों के पासपोर्ट जब्त किए जाए, सबने गोलमोल जवाब दिया लेकिन किया कुछ नहीं”.
“हर जहाज पर 1000 करोड़ की ये दलाली किसने खाई, पूरा देश ये जानना चाहता है, देश का किसान, जवान हर कोई जानना चाहता है”.
“540करोड़ का जहाज 1670 करोड़ में क्यों खरीदा और 70 साल पुरानी कंपनी के स्थान पर 10 दिन पुरानी कंपनी को ठेका क्यों दिया.
ये जवाब आपको देना होगा.


“रक्षामंत्री जी,मोदी जी आप देश की जनता को मूर्ख मत बनाइये,सब समझ रही है देश की जनता”.
“अपने ही द्वारा बनाई नीति का उल्लंघन क्यों कर रही है मोदी सरकार”.
“Reliance को बचाने के लिए Offset Partner का, रक्षा मंत्री मूर्खता पूर्ण जवाब दे रही हैं, ऐसे क्या कोई आतंकवादी भी कंपनी बना के offset partner बना लेगा तो उसे भी काम करने की छूट मिल दे देगी क्या सरकार?
“मंत्री सुभाष भामरे ने संसद में मुझे और UPA के सांसदों द्वारा पूछे गए सवालों में अलग अलग जवाब दिए.

यह स्पष्ट करता है कि दाल में कुछ काला नहीं, पूरी की पूरी दाल ही काली है”.
हमने सरकार से चिट्ठी लिखकर ये पूछा था कि भारत की नवरत्न कंपनीयों में से एक HAL को काम न देकर 10 दिन पुरानी अनिल अंबानी की कम्पनी रिलायंस को क्यों दे दिया गया.
कोई जवाब नही मिला”.

“जो बात हम पहले दिन से कह रहे थे, France के पूर्व राष्ट्रपति ओलांदे के बयान के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि राफेल की डील में 36000 करोड़ का महाघोटाला हुआ है, दलाली खाई गयी है.

आप हमारे साथ फेसबुक और ट्विटर पर भी जुड़ सकते हैं.

फेसबुक पेज पर जाने ले लिए क्लिक करें 

ट्विटर पेज पर जाने ले लिए क्लिक करें 

यह भी देखें-

loading...

Related Posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *